वो अहसास ही क्या
जो दिवाली पर
हर भूला , खोया , बिछडा रिश्ता
याद ना दिलाये
ईश्वर
मेरे हर भूले , खोये और बिछडे
रिश्ते के घर
इस बार भी दिवाली धूम धाम से आये
बस ऐसे ही
2 months ago
My Expressions Of Life
वो अहसास ही क्या
जो दिवाली पर
हर भूला , खोया , बिछडा रिश्ता
याद ना दिलाये
ईश्वर
मेरे हर भूले , खोये और बिछडे
रिश्ते के घर
इस बार भी दिवाली धूम धाम से आये
4 comments:
जो चषक हाथ धन्वन्तरि के थमा, नीर उसका सदा आप पाते रहें
शारदा के करों में जो वीणा बजी, तान उसकी सदा गुनगुनाते रहें
क्षीर के सिन्धु में रक्त शतदल कमल पर विराजी हुई विष्णु की जो प्रिया
के करों से बिखरते हुए गीत का आप आशीष हर रोज पाते रहें
राकेश
सुख औ’ समृद्धि आपके अंगना झिलमिलाएँ,
दीपक अमन के चारों दिशाओं में जगमगाएँ
खुशियाँ आपके द्वार पर आकर खुशी मनाएँ..
दीपावली पर्व की आपको ढेरों मंगलकामनाएँ!
-समीर लाल ’समीर’
दिवाली की हार्दिक ढेरो शुभकामनाओ के साथ, आपका भविष्य उज्जवल और प्रकाशमान हो .
अच्छी मनोकामना है !!
पल पल सुनहरे फूल खिले , कभी न हो कांटों का सामना !
जिंदगी आपकी खुशियों से भरी रहे , दीपावली पर हमारी यही शुभकामना !!
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